Bihar Board Class 10 Economics Chapter 4 हमारी वित्तीय संस्थाएँ – सम्पूर्ण व्याख्या एवं प्रश्नोत्तर
हमारी वित्तीय संस्थाएँ अध्याय में बैंकिंग व्यवस्था, वित्तीय संस्थाओं, बचत, ऋण और औपचारिक वित्तीय व्यवस्था की भूमिका का अध्ययन किया जाता है।
वित्तीय संस्था
वे संस्थाएँ जो बचत को एकत्र करके उसे ऋण और निवेश के रूप में उपलब्ध कराती हैं, वित्तीय संस्थाएँ कहलाती हैं। बैंक और अन्य वित्तीय संस्थाएँ आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
बैंक
बैंक ऐसी वित्तीय संस्था है जो जनता से जमा स्वीकार करती है और आवश्यकता के अनुसार व्यक्तियों तथा संस्थाओं को ऋण उपलब्ध कराती है।
बैंकों के प्रमुख कार्य
- जमा स्वीकार करना।
- ऋण प्रदान करना।
- भुगतान और धन हस्तांतरण की सुविधा देना।
- बचत को प्रोत्साहित करना।
- व्यापार और उद्योग को वित्त उपलब्ध कराना।
वित्तीय संस्थाओं का महत्व
वित्तीय संस्थाएँ बचत को उत्पादक निवेश में परिवर्तित करती हैं। इससे उद्योग, कृषि, व्यापार और सेवा क्षेत्रों को धन उपलब्ध होता है तथा आर्थिक विकास को गति मिलती है।
औपचारिक और अनौपचारिक वित्तीय स्रोत
बैंक और सहकारी संस्थाएँ औपचारिक वित्तीय स्रोत हैं। साहूकार, व्यापारी और अन्य निजी ऋणदाता अनौपचारिक वित्तीय स्रोतों में आते हैं।
सस्ता ऋण क्यों आवश्यक है?
यदि ऋण बहुत ऊँची ब्याज दर पर उपलब्ध हो तो गरीब और छोटे उत्पादकों पर ऋण का बोझ बढ़ सकता है। इसलिए सस्ती और उचित शर्तों पर ऋण उपलब्ध कराना आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण है।
वस्तुनिष्ठ प्रश्नोत्तर
प्रश्न 1. बैंक किस प्रकार की संस्था है?
उत्तर: वित्तीय संस्था।
प्रश्न 2. बैंक का प्रमुख कार्य क्या है?
उत्तर: जमा स्वीकार करना और ऋण प्रदान करना।
प्रश्न 3. साहूकार किस प्रकार का ऋण स्रोत है?
उत्तर: अनौपचारिक ऋण स्रोत।
लघु उत्तरीय प्रश्न
प्रश्न: बैंक आर्थिक विकास में कैसे सहायक हैं?
उत्तर: बैंक जनता की बचत को जमा के रूप में एकत्र करते हैं और कृषि, उद्योग, व्यापार तथा अन्य गतिविधियों के लिए ऋण उपलब्ध कराते हैं। इससे निवेश और उत्पादन बढ़ता है।
प्रश्न: औपचारिक वित्तीय स्रोत क्या हैं?
उत्तर: सरकार द्वारा नियंत्रित और नियमन के अंतर्गत कार्य करने वाले बैंक तथा अन्य मान्यता प्राप्त वित्तीय संस्थाएँ औपचारिक वित्तीय स्रोत हैं।
दीर्घ उत्तरीय प्रश्न
प्रश्न: वित्तीय संस्थाओं का आर्थिक विकास में महत्व बताइए।
उत्तर: वित्तीय संस्थाएँ जनता की बचत को एकत्र करके उसे उत्पादक कार्यों में लगाती हैं। इनके माध्यम से कृषि, उद्योग, व्यापार और सेवा क्षेत्र को ऋण मिलता है। इससे निवेश, उत्पादन, रोजगार और आय में वृद्धि होती है। इसलिए वित्तीय संस्थाएँ आर्थिक विकास की महत्वपूर्ण आधारशिला हैं।
Important Points
- बैंक प्रमुख वित्तीय संस्थाएँ हैं।
- बैंक जमा स्वीकार करते हैं और ऋण देते हैं।
- वित्तीय संस्थाएँ बचत को निवेश में बदलती हैं।
- औपचारिक ऋण स्रोत नियमन के अंतर्गत कार्य करते हैं।
- सस्ता और सुलभ ऋण आर्थिक विकास के लिए आवश्यक है।
FAQs
वित्तीय संस्था क्या है?
बचत एकत्र करने और ऋण एवं निवेश उपलब्ध कराने वाली संस्था वित्तीय संस्था कहलाती है।
बैंक का प्रमुख कार्य क्या है?
जमा स्वीकार करना और ऋण प्रदान करना।
Leave a Reply
You must be logged in to post a comment.